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लंपी की वैक्सीन तैयार करेगा हरियाणा,एग्रीनोवेट ने वेटरनरी इंस्टिट्यूट हिसार को लिखा पत्र; फिजिबिलटी रिपोर्ट बनाकर भेजी जाएगी मुख्यालय

 Dsnews



 हिसार में करीब पौने 2 लाख गोवंश

 लंपी से 69 गांव और 12 गौशालाएं प्रभावित, 46 पशुओं की मौत हुई

 1 लाख 38 हजार 2226 गोवंश वैक्सीनेटड, 11574 डोज शेष बची हैं 

 हरियाणा में लंपी बीमारी की वैक्सीन बनने जा रही है। यह हरियाणा वेटरनरी वैक्सीनेशन इंस्टिट्यूट हिसार में बन सकती हैं, क्योंकि ICAR के उपक्रम एग्निनो वेट ने इस संबंध में इंस्टिट्यूट को पत्र लिखा है कि यदि आप लंपी बीमारी की वैक्सीन तैयार करना चाहते हैं तो कर सकते हैं, परंतु इसके लिए उनके साथ MOU साइन करना होगा।


 NRCE हिसार ने लंपी की वैक्सीन तैयार करने पर शोध किया और इसमें सफलता भी हासिल की। तकनीक विकसित करने के बाद इसे इंडियन काउंसिल ऑफ एग्रीकल्चर रिसर्च को उपलब्ध करवा दिया। ICAR ने इसे अपनी एजेंसी एग्रीनो वेट


 इंडिया लिमिटेड को ट्रांसफर कर दिया। अब एजेंसी एग्रीनो वेट ने हरियाणा वेटरनरी वैक्सीनेशन इंस्टिट्यूट को वैक्सीन बनाने को कहा है।


 पत्र आने के बाद इंस्टिट्यूट ने भी अपनी फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार कर ली है, ताकि वैक्सीन बनाने के लिए जो-जो रिक्वायरमेंट हैं, उन्हें पूरा किया जा सके। साथ ही बजट सहित पूरी फिजिबिलिटी रिपोर्ट तैयार करके सोमवार को पशु पालन विभाग हरियाणा को प्रस्ताव भेजा जाएगा। हरियाणा वेटरनरी वैक्सीन इंस्टीट्यूशनल के डिप्टी डायरेक्टर सुरेश कुमार गोयल ने यह जानकारी दी।


 उन्होंने बताया कि हमारे पास एग्रीनो वेट से पत्र आ चुका है। हम एक प्रपोजल बनाकर पशु पालन विभाग हरियाणा को भेज रहे हैं। इंस्टिट्यूट में पहले भी वैक्सीन तैयार की जाती रही है और लंपी बीमारी की वैक्सीन तैयार करने के लिए हमारा इंस्टिट्यूट सक्षम है।


 1 लाख 38 हजार 226 पशुओं को लग चुकी वैक्सीन


 हरियाणा के हिसार जिले में अब तक 1 लाख 38 हजार 226 गोवंश को लंपी की वैक्सीन लग चुकी है। हिसार में करीब पौने 2 लाख गोवंश हैं। लंपी बीमारी से करीब 69 गांव और 12 गौशालाएं प्रभावित हैं। करीब 46 गोवंश की मौत हुई है। पशु पालन विभाग हिसार के पास भी 11574 डोज शेष हैं।


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